Whatsappicon.jpg
Whatsappicon.jpg
ज्ञानमती नेटवर्क से जुड़ने के लिये ADD ME < मोबाइल नं.> लिखकर +91 7599002108 पर व्हाट्सएप पर मेसेज करें|


पू० गणिनी श्रीज्ञानमती माताजी ससंघ मांगीतुंगी के (ऋषभदेव पुरम्) में विराजमान हैं |

असली एवं नकली धूपबत्ती

ENCYCLOPEDIA से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज


असली एवं नकली धूपबत्ती

असली धूपबत्ती में बच, कपूर, कचरी, तालीस पत्र, तेज पात, तामरू, गोरख मुन्डी, एक पाँव मैदा लकडी, एक पाव देवदार या चीड़ का बुरादा मिलाकर ठंडक में सुखाकर बनाते हैं। नकली धूपबत्ती हवाई चप्पल पीसकर इसमें गन्दा बिरोजा (तारकोल) मिलाकर बनाते हैं। असली धूपबत्ती की धुआँ सफेद और नकली धूपबत्ती का धुआँ काला होता है।