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२२ जून से २४ जून २०१८ तक ऋषभदेवपुरम मांगीतुंगी में लघु पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव आयोजित किया गया है |

प्रतिदिन पारस चैनल के सीधे प्रसारण पर प्रातः 6 से 7 बजे तक प.पू.आ. श्री चंदनामती माताजी द्वारा जैन धर्म का प्रारंभिक ज्ञान प्राप्त करें |

उपवास :

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उपवास :

उपशमनम् अक्षाणाम्, उपवास: र्विणत: समासेन।

तस्मात् भुंजाना: अपि च, जितेन्द्रिया भवन्ति उपवासा:।।

—समणसुत्त : ४४६

संक्षेप में इन्द्रियों के उपशमन को ही उपवास कहा गया है। अत: जितेन्द्रिय साधु भोजन करते हुए भी उपवासी ही होते हैं।