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भजन संग्रह भाग - 10

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शरण में आऊँगा

भजो सारे लो नाम प्रभु का

प्रीत प्रभु से लगाले

महावीर आज जन्मे हैं

नाम लो प्रभु का

चौक पुराया दीपक जलाया

नवकार जपो इसे जपते रहो

जपो महावीरा

लाल गुलाल उड रहा हैं

प्रभु तुम मिल जाओ

झुम रे मनवा झुम

नवकार जपने वाले

उड जा मेरे मनवा तु तो

द्वार तेरे आउ

सुनो सुनाए पार्श्व प्रभु की कहानी

महावीर आए हैं

प्रभु नाम को जपलु

प्रभु पार्श्व बता दे तु

पलने में कैसे झूूले है ललना

ओ प्रभुवर प्रभुवर

ओढनी नेम की ओढु

दे दो अब दर्शन

प्रभु का तुम ध्यान धरो

प्रभु मुझे छोड ना

प्रभु पार्श्व जी यहां

कभी चरणों में आकर

नमन नमन सब करलो

तेरा सबसे नाम है ऊंचा

आज महावीर जन्मे

मेरा मन डोले

बोलो क्यु भक्त पूजा

ओ प्रभुजी सुन प्रभुजी

सुनलो मेरे जिनवर जी

देखा में तुझको

मेरी नैया नैया

खम्मा खम्मा आदेश्वर

ये महावीर जी है

मंदिर पावन है

सुनलो पारस जी

सुनो जिनदेवा देवाधिदेवा

दादा का दरबार

द्वार आ गया रे

नाम महावीर का प्यारा है

वीर प्रभु की महिमा न्यारी

शंखेश्वर का नाथ ये

मन में आस है ये कबसे

तेरी सूरत मन में बसाये

करलो करलो नमन

चरणों में आना

वीर प्रभु के दर्शन से