Whatsappicon.jpg
Whatsappicon.jpg
ज्ञानमती नेटवर्क से जुड़ने के लिये ADD ME < मोबाइल नं.> लिखकर +91 7599002108 पर व्हाट्सएप पर मेसेज करें|


21 फरवरी को मध्यान्ह 1 बजे लखनऊ विश्वविद्यालय में पूज्य गणिनी प्रमुख श्री ज्ञानमती माताजी का मंगल प्रवचन।

पारस चैनल पर प्रातः ६ से ७ बजे तक देखें पू.श्री ज्ञानमती माताजी एवं श्री चंदनामती माताजी के प्रवचन |

शांतिसागर सम्मेदशिखर ज्योति रथ का प्रवर्तन शुभारंभ

ENCYCLOPEDIA से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

भोज (कर्नाटक) से प्रथमाचार्य श्री शांतिसागर सम्मेदशिखर ज्योति रथ का प्रवर्तन शुभारंभ

बीसवीं सदी के प्रथमाचार्य चारित्रचक्रवर्ती श्री शांतिसागर जी महाराज द्वारा सन् १९२८ में दक्षिण से उत्तर भारत तक की गई ‘‘सम्मेदशिखर यात्रा’’ को चिरस्थाई बनाने के लिए परमपूज्य गणिनीप्रमुख आर्यिका श्री ज्ञानमती माताजी की पावन प्रेरणा से शाश्वत तीर्थ सम्मेदशिखर जी में ‘‘आचार्य श्रीशांतिसागर धाम’’ का निर्माण किया जा रहा है। यह तीर्थ दिगम्बर जैन त्रिलोक शोध संस्थान के अन्तर्गत सम्मेदशिखर जी में मेनरोड पर भूमि क्रय करके निर्मित किया जा रहा है।

विशेषरूप से इस संदर्भ में प्रथमाचार्य श्री शांतिसागर जी महाराज की विशेष प्रभावना एवं तीर्थ निर्माण के प्रचार-प्रसार हेतु दिनाँक २ फरवरी २०१४ को पूज्य आचार्यश्री की भूमि भोज (कर्नाटक) से ‘‘प्रथमाचार्य श्री शांतिसागर सम्मेदशिखर ज्योति रथ’’ का प्रवर्तन महाराष्ट्र एवं कर्नाटक प्रान्त में भ्रमण हेतु किया गया है। दक्षिण भारत जैन सभा के सहयोग से इस रथ प्रवर्तन का शुभारंभ भव्य आयोजन के साथ सम्पन्न हुआ, जिसमें पूज्य भट्टारक स्वस्तिश्री लक्ष्मीसेन स्वामी जी-कोल्हापुर, पूज्य भट्टारक स्वस्तिश्री जिनसेनस्वामी जी-नांदणी, पूज्य कर्मयोगी पीठाधीश स्वस्तिश्री रवीन्द्रकीर्ति स्वामीजी- जम्बूद्वीप हस्तिनापुर एवं लिंगायत समाज के पूज्य अल्लम प्रभु स्वामी जी-चिंचणी मठ का सान्निध्य प्राप्त हुआ।

विशेषरूप से इस समारोह में रथ का उद्घाटन कर्नाटक सरकार के पालक मंत्री-श्री सतीश जारकीवड़ी द्वारा रथ पर स्वस्तिक बनाकर एवं पंचरंगी झण्डा दिखाकर किया गया। इस अवसर पर कर्नाटक सरकार के शूगर एवं लघु उद्योग मंत्री-श्री प्रकाश हुक्केरी ने भी पधारकर कार्यक्रम की गरिमा को वृद्धिंगत किया। अन्य माननीय अतिथियोें में श्री कल्लप्पा आवाड़े (पूर्व सांसद), श्री प्रकाश आवाड़े (पूर्व मंत्री), दक्षिण भारत जैन सभा के अध्यक्ष श्री राव साहेब पाटील, विधायक-श्री वीर कुमार जी पाटील-बेलगाँव जिला, विधायक-सौ. शशिकला ज्वल्ले-निप्पाणी, विधायक-श्री संजय पाटील-बेलगांव ग्रामीण, विधायक-महन्तेश कवटगी मठ-बेलगांव जिला तथा पूर्व विधायक-काका साहेब पाटील-निप्पाणी ने पधारकर सर्वप्रथम कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलन किया। समारोह में इस अवसर पर पूज्य रवीन्द्रकीर्ति स्वामी जी के साथ इंजी. श्री सी.आर.पाटिल-पुणे, श्री प्रमोद कासलीवाल-औरंगाबाद, श्री संजय पापड़ीवाल-पैठण-औरंगाबाद, श्री अभय कासलीवाल-औरंगाबाद व हस्तिनापुर से श्री सुभाषचंद जैन साहू, प्रतिष्ठाचार्य श्री विजय जैन व श्री जीवन प्रकाश जैन ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।

उद्घाटन सभा में सर्वप्रथम णमोकार महामंत्र के गानपूर्वक मंगल नृत्य प्रस्तुत किया गया। पश्चात् भोज स्थित आचार्य श्री शांतिसागर स्मारक के ट्रस्टी श्री सचिन केश्ते ने स्वागत भाषण किया तथा दक्षिण भारत जैन सभा के चेयरमैन व आचार्य श्री शांतिसागर धाम के महामंत्री श्री डी.ए.पाटील ने भूमिका वक्तव्य प्रस्तुत करके पधारे अतिथियों एवं लगभग १०००० की संख्या में श्रद्धालु भक्तों को आचार्य शांतिसागर धाम एवं रथ प्रवर्तन के बारे में जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम में अतिथियों द्वारा ‘‘प्रथमाचार्य श्री शांतिसागर महाराज’’ पुस्तक तथा आचार्य महाराज के नवीन वैलेण्डर का भी विमोचन किया गया।

सभा में पधारे मंत्रियों व अतिथियों ने भी अपने-अपने विचार व्यक्त किये तथा सरकार की ओर से आचार्य श्री शांतिसागर महाराज के प्रचार-प्रसार एवं उनकी प्रभावना हेतु हर संभव मदद करने की घोषणा की। विशेषरूप से इस अवसर पर विधायक श्री संजय पाटील-बेलगांव ने अपनी ओर से तीर्थ पर एक फ्लैट निर्माण हेतु घोषणा की तथा भोज की समस्त जैन समाज की ओर से सम्मेदशिखर जी में शांतिसागर धाम पर आचार्य महाराज की विशाल प्रतिमा विराजमान करने हेतु भी घोषणा की। इस अवसर पर समस्त साधुवृंदों का भी भक्तों को आशीर्वाद प्राप्त हुआ तथा पीठाधीश स्वस्तिश्री रवीन्द्रकीर्ति स्वामीजी ने समस्त कर्नाटक एवं महाराष्ट्र प्रान्त की जैन समाज से आचार्य श्री शांतिसागर जी महाराज के सिद्धान्तों को प्रचारित-प्रसारित करने हेतु आचार्य श्री शांतिसागर धाम के निर्माण में तन-मन-धन से सहयोग करने का आह्वान किया। इस अवसर पर आचार्य श्री शांतिसागर धाम कमेटी की ओर से दक्षिण भारत जैन सभा के अध्यक्ष श्री राव साहेब पाटील द्वारा भोज में सफलतापूर्वक उद्घाटन समारोह आयोजित करने हेतु विशेष सम्मान भी किया गया। सभा का संचालन श्री आर.बी. खोत द्वारा तथा आभार प्रदर्शन श्री अप्पा साहेब पाटील-भोज द्वारा किया गया।

इस दिन प्रात:काल भोज में रथ का शुभारंभ भव्य शोभायात्रा के साथ किया गया, शोभायात्रा में झांझ-पत्तल, बैण्ड-बाजा तथा केशरिया वस्त्र धारण किये मंगल कलश लेकर २०१ महिलाएं तथा हजारों की संख्या में श्रद्धालु भक्तजन उपस्थित हुए। इस अवसर पर भोज में बने आचार्य श्री शांतिसागर स्मारक में विराजमान भगवान शांतिनाथ जी की प्रतिमा का भव्य पंचामृत अभिषेक भी सम्पन्न किया गया। मध्यान्ह में उपरोक्त सभा के साथ रथ प्रवर्तन का शुभारंभ हुआ।

-जीवन प्रकाश जैन, प्रबंध मंत्री-जम्बूद्वीप